Tuesday, December 1, 2020

वरिष्ठ सिंधी साहित्यकार हरि हिमथानी का निधन / डॉ लाल थदानी


हरी हिमथानी

विसारे न विसरजन्दा  सदा याद रहन्दा

!  *दुख जी खबर* !

अॼु अजमेर जो सिन्धी व्यक्तित्व ॼातल-सुञातल साहित्यकार-लेखक *हरी हिमथाणी*  हीअ फानी दुनिया छॾे वैकुंठधाम प्रभुअ जे चरणनि में विया आहिनि।। दिवंगत जी आत्मा खे शत-शत नमनु         ऐं वंदनु ।  निवड़त भरियल आत्मिक श्रद्धांजलि ।

*वरिष्ठ सिंधी साहित्यकार हरि हिमथानी का निधन*

अजमेर,एक दिसंबर 2020

आज भारतीय साहित्य जगत ने अपना एक अनमोल रत्न खो दिया है . सिंधी के प्रसिद्ध कथाकार हरि हिमथाणी का देहांत हो गया। उनका जन्म अविभाजित भारत के सिंध प्रांत में नवाब शाह में हुआ था। वे 87 बरस के थे।अजमेर निवासी श्री हरी हिमथाणी  कुछ समय से अस्वस्थ  चल रहे थे। साहित्य अकादमी के प्रतिष्ठित राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित  इस रचनाकार के सृजन में 13 उपन्यास और 9 कहानी संग्रह शामिल हैं।श्री हरी हिमथाणी के सृजन की सर्वाधिक विशेष बात थी,उनकी भाषा जिसमें सिंधी की अपनी खुशबू है और अपना ही रंग।उनके पात्र सिंधी चरित्रों का प्रतिनिधित्व करते हैं।  देश विभाजन  के पश्चात भारत के सिंधी साहित्य में ऐसी भाषा दुर्लभ सी होती जा रही है।
उनका आत्मीय संसार बहुत बड़ा था-सीमा के आरपार।

वरिष्ठ कथाकार हरी हिमथानी जी के निधन पर अनेक साहित्यकारों व संस्कृति कर्मियों ने  दुख का इजहार किया है।

साहित्य संसार में  उनके निधन से हुई क्षतिपूर्ति असम्भव है।

سوسائٽي
اڳوڻي صدر راجستان سنڌي اڪيڊمي جياپور

پرڀو کين پنھنجي چرڻن ۾ جڳھہ ڏيندا ۽سندن آتما کي شانتي ڏيندا.


7 जुलाई 2000 को राजस्थान सिंधी अकादमी का अध्यक्ष बनने के उपरांत मैं आदरणीय गोवर्धन भारती जी के घर पर इनसे और सम्मानीय ढोलण राही से मिला था । खूब सारी बातें हुई थी और हरी हिमथानी जी  क्योंकि सिंधु सत्कार समिति के जिलाध्यक्ष श्री सुंदर खेमाणी के परम मित्र थे तो मेरे संयोजन में समिति की अनेक गोष्ठियों में भाग लिया और स्वयं मुझसे मिलने डिग्गी चौक स्थित आशीर्वाद क्लिनिक पर आते थे ।

साहित्य जगत में उनका निधन अपूरणीय क्षति है ।

राष्ट्रीय सिंधी समाज सिंधु सत्कार समिति अजमेर की ओर से उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि ।

ईश्वर उनजी आत्मा खे पहिजे चरणन में निवास दे 

ओम् शांति ।।।


डॉ लाल थदानी 
ڊاڪٽر لال ٿڌاڻي

महासचिव राष्ट्रीय सिंधी समाज

جنرل سيڪريٽري نيشنل سنڌي سوسائٽي

पूर्व अध्यक्ष राजस्थान सिंधी अकादमी जयपुर

اڳوڻي صدر راجستان سنڌي اڪيڊمي جياپور

8005529714


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